रफीक खान
मध्य प्रदेश की लोकायुक्त पुलिस विशेष स्थापना शाखा टीम ने मंगलवार को इंदौर में बिजली कंपनी के अधीक्षण यंत्री शिवराम सेमिल के निधिवन कॉलोनी स्थित घर तथा अन्य ठिकानों पर एक साथ छापा मार कार्रवाई की। सेमिल के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति होने की शिकायतों पर यह कार्रवाई की गई। इस दौरान टीम ने पाया कि 33 साल की नौकरी में बिजली कंपनी को अधीक्षण यंत्री ने कोई लाभ पहुंचाया हो या ना लेकिन उसने अपनी खुद की ऊर्जा कंपनी खड़ी कर ली। पत्नी, बच्चों और रिश्तेदारों के नाम पर अकूत संपत्ति जमा की। अब तक की गणना के मुताबिक 258 प्रतिशत ज्यादा संपत्ति पता चल चुकी है। In an operation conducted by the Lokayukta police, the investigation team recovered gold and silver jewelry, cash, and various investment documents.
जानकारी के मुताबिक कहा जाता है कि शिवराम सेमिल और उनके परिवार के लोगों के पास सिलिकॉन सिटी में सी 44 स्थित तीन मंजिला घर की कीमत करीब 1 करोड़ 20 लाख रुपये है। इनके बेटे शुभम सेमिल के नाम से पीथमपुर में शुभम इलेक्ट्रिकल नाम से फैक्ट्री मिली है जहां पर ट्रांसफार्मर बनाए जाते हैं। यह फैक्ट्री 880 वर्गमीटर एरिया में बनाई गई है। यह भी करीब एक करोड़ 25 लाख रुपये की है। शिवराम सेमिल की बहू और परिवार के सदस्यों के नाम से 'कर्निश पावरजोन' नामक फर्म रजिस्टर्ड होना पाई है जिसकी शेयर पूंजी 50 लाख रुपये है। इसके द्वारा पीथमपुर सेक्टर 3 में प्लॉट क्रमांक 732 और 749 A क्रय किए गए हैं, जिनमें 732 प्लॉट पर पुरानी फैक्ट्री स्थापित है और 749ए पर नई फैक्ट्री का निर्माण किया जा रहा है। अनुमानित व्यय एक करोड़ रुपये किया गया है। इनके साथ ही दामाद और बेटे के नाम से उज्जैनी जिला धार स्थित औद्योगिक क्षेत्र में प्लॉट क्रमांक 184,185 पर, 'एसएस इलेक्ट्रिकल्स' फर्म का संचालन होना पाया गया है। इसके ही नाम से प्लॉट क्रमांक 153 भी क्रय किया गया है। इन पर अनुमानित एक करोड़ 50 लाख रुपये व्यय होना पाया है।कृष्णा पावर नामक फर्म के नाम से उज्जैनी जिला धार में 560 वर्ग मीटर का भूखंड भी लिया गया। यहां पर भी फैक्ट्री बन रही है। 'ए वन इलेक्ट्रिकल' नाम से फैक्ट्री का संचालन हो रहा है। भूखंड क्रमांक 169 , उज्जैनी औद्योगिक क्षेत्र, धार में यह फैक्ट्री भी पाई गई है। ट्रांसफार्मर की उक्त फैक्ट्री पर भी करोड़ों रुपए इन्वेस्ट किया जाना पाया है।
सेमिल की फैक्ट्रियों के कार्यालय भी इंदौर में पाए गए हैं। सप्तश्रृंगी नगर सिलिकॉन सिटी में उनके कार्यालय का भवन पत्नी और बेटे सौरभ सेमिल के नाम होना पाया है। गाइडलाइन कीमत 60 लाख रुपये इसकी कीमत सामने आई है। एक और कार्यालय 45 अंजनी नगर, एयरपोर्ट रोड पर संचालित हो रहा है। कर्निश पावर जोन के इस कार्यालय पर भी सर्चिंग जारी है। एक और कार्यालय देवासनाका एरिया में सिद्धार्थ फार्म के पास पाया गया है।
सेमिल ने अपने बेटों के नाम से ओमेक्स सिटी में प्लॉट खरीदा है। यह प्लॉट बीस लाख रुपये में गाइडलाइन अनुसार क्रय किया है। बेटे की फर्म शुभम इलेक्ट्रिकल के नाम से 15 लाख रुपये की महिंद्रा कंपनी की इलेक्ट्रिक कार खरीदी गई है। एक मकान रविदास नगर मुरैना में भी दो मंजिला पाया गया है। ग्वालियर लोकायुक्त की टीम द्वारा वहां पर सर्च की जा रही है। इसकी कीमत 50 लाख रुपये है।लोकायुक्त की जांच में पता चला है कि नौकरी के दौरान सेमिल की कुल आय दो करोड़ रुपये हुई है। इसकी तुलना में उन्होंने साढ़े छह करोड़ रुपये खर्च किए हैं। ऐसे में 7.16 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति इंजीनियर के पास मिली है। जो इनकी अब तक मिली आय का 258 प्रतिशत है।
