रफीक खान
मध्य प्रदेश के इंदौर जिले में सीमा विवाद की झंझट के चलते पुलिस थानों में एफआईआर दर्ज न होने के मामले को हाईकोर्ट ने गंभीरता से लिया है। सख्त रुख अपनाते हुए तीन थानों के प्रभारी सहित प्रदेश के पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी चार हफ्ते के भीतर जवाब तलब किया गया है। मध्य प्रदेश पुलिस में सीमा विवाद का यह ढर्रा बड़ा पुराना चल रहा है। The Madhya Pradesh Police have a longstanding border dispute, causing a stir within the department and prompting calls for answers.
जानकारी के मुताबिक कहा जाता है कि हाईकोर्ट में दायर याचिका में जस्टिस विजय कुमार शुक्ला, जस्टिस आलोक अवस्थी के समक्ष विजय नगर पुलिस स्टेशन, राजेंद्र नगर पुलिस स्टेशन और लसुड़िया पुलिस स्टेशन के टीआई पर केस दर्ज करने के लिए इधर उधर भटकाने का आरोप लगाया गया। याचिकाकर्ता ने कोर्ट में कहा कि सीमा विवाद के कारण उनका केस दर्ज नहीं किया गया है। जीरो पर एफआईआर (FIR) दर्ज नहीं करने के इस मामले पर इंदौर हाईकोर्ट में सख्त रुख दिखाया है। कोर्ट ने विजय नगर पुलिस स्टेशन, राजेंद्र नगर पुलिस स्टेशन और लसूड़िया पुलिस स्टेशन के टीआई को नोटिस जारी किए। इतना ही नहीं, कोर्ट ने मामले में डीजीपी (DGP) से भी जवाब तलब किया है। सुनवाई के बाद सरकार को नोटिस जारी कर चार सप्ताह में जवाब देने को कहा है।
