रफीक खान
अमेरिका-इजरायल के संयुक्त हमले में आयतुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद ईरानी धर्मगुरु अयातुल्लाह अलीरेजा अराफी को ईरान का अंतरिम सुप्रीम लीडर बनाया गया है। ISNA के मुताबिक, वह अंतरिम नेतृत्व परिषद में विधि विशेषज्ञ सदस्य के रूप में काम करेंगे। संविधान के तहत राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन, मुख्य न्यायाधीश गुलाम हुसैन मोहसिनी-एजेई और गार्जियन काउंसिल के एक धर्मगुरु के साथ यह परिषद मिलकर देश की कमान तब तक संभालेगी, जब तक नए सुप्रीम लीडर का चुनाव नहीं हो जाता। यह चुनाव 40 धर्म गुरुओं की परिषद द्वारा किया जाएगा। This will be the interim arrangement, protests erupted in several countries over Khamenei's death, and protests were also expressed in India.
ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत के बाद ईरान सहित कई देशों में लोग सड़कों पर उतर आए हैं और मातम मना रहे हैं। पाकिस्तान में अमेरिकी मिशन में लोगों ने घुसकर तोड़फोड़ की। यहां हिंसा में कम से कम 9 लोगों के मारे जाने की खबर है। ईरान ने 40 दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित किया है। खामेनेई की मौत पर मातम केवल ईरान तक सीमित नहीं है बल्कि भारत समेत दुनिया के कई देशों में प्रदर्शन हो रहे हैं। वहीं ईरान खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी एयरबेसों को निशाना बना रहा है। इसके चलते अन्य देशों के साथ भी तनाव बढ़ता ही जा रहा है। ईरान के हमलों की वजह से कतर, सऊदी अरब, ईराक और अन्य देशों में भी उसका विरोध हो रहा है। दोनों तरफ से हमले और नुकसान की जानकारी फिलहाल दावों तक समझ में आ रही है। अधिकृत जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स में भी नहीं है।
