बाल विवाह रोकने पहुंची प्रशासन की टीम को गांव वालों ने खदेड़ दिया, सात फेरे होने के बाद दर्ज हुई FIR - khabarupdateindia

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बाल विवाह रोकने पहुंची प्रशासन की टीम को गांव वालों ने खदेड़ दिया, सात फेरे होने के बाद दर्ज हुई FIR


रफीक खान
पुराने समय से एक कहावत कई मौकों पर कही और सुनी जाती रही है कि शादी गुड्डा-गुड़ियों का खेल नहीं है लेकिन आज के विकसित दौर में भी शादियां गुड्डा-गुड़ियों की तरह ही हो रही है। सामाजिक जागरूकता के अभाव में इस पर विराम नहीं लग पा रहा। मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में ऐसा ही एक मामला सामने आया। जहां 10 साल का दूल्हा और 8 साल की दुल्हन दांपत्य जीवन के बंधन में सात फेरों के साथ बंध गए। सूचना पर प्रशासन की टीम पहुंची लेकिन गांव वालों ने उसे खदेड़ दिया। अब पुलिस ने दूल्हा और दुल्हन के माता-पिता, परिवार जनों के अलावा समाज के लोगों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कर लिया है। The villagers chased away the administration team that arrived to stop the child marriage; an FIR was lodged after the seven wedding vows were taken.

जानकारी के मुताबिक कहा जाता है कि भोजपुर थाना क्षेत्र के एक गांव में आठ साल की एक बच्ची के साथ 10 साल के बच्चे के फेरे करा दिए गए। सूचना पर पहुंची महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम को ग्रामीणों ने घेर लिया और उनसे अभद्रता की। महिला बाल विकास विभाग के परियोजना अधिकारी संतोष चौहान को सोमवार को सूचना मिली थी कि कुशलपुरा गांव में एक 10 साल के बच्चे का विवाह कराने की तैयारी है। कलेक्टर के निर्देश पर टीम भेजी गई थी। शाम को जब टीम गांव पहुंची तो ग्रामीणों ने उन्हें घेरकर काफी देर तक अभद्रता की। उस पर भी टीम नहीं रुकी तो ग्रामीणों ने एक युवक को हल्दी लगाकर उनके सामने पेश कर दिया कि इस लड़के की शादी हो रही है और वह बालिग है। टीम पंचनामा बनाकर लौट आई। मंगलवार को कुशलपुरा गांव से इस 10 साल के दूल्हे की बारात देवाखेड़ी पहुंची। यहां आठ साल की बच्ची के साथ उसके फेरे करा दिए गए। अब पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।