रफीक खान
मध्य प्रदेश की राजनीति में इस समय पत्रकारों के सवाल के जवाब देते हुए प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री तुलसी सिलावट चर्चा का विषय बन गए हैं। दरअसल लंबे समय कांग्रेस में रहे तुलसी सिलावट से कांग्रेस नेत्री द्वारा लगाए गए भारतीय जनता पार्टी के विधायक पर यौन शोषण के आरोप संबंधित सवाल किया गया। इसके जवाब में मंत्री जी कंफ्यूज हो गए और उन्होंने कह दिया कि विधायक ने किया ही होगा तभी तो उस पर आरोप लगाए जा रहे हैं। करवाई होना चाहिए और की जाएगी। अब भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो चुके मंत्री जी का यह जवाब भारतीय जनता पार्टी के विधायक की न सिर्फ मुश्किलें बढ़ा रहा है बल्कि भाजपा परिवार में भी खलबली पैदा कर दी है। After changing the party, the leaders get the chair but always remain in "confused mode", the same thing happened here also...
जानकारी के मुताबिक कहा जाता है कि मामला आलोट भाजपा विधायक चिंतामन मालवीय और महिला प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष रीना बोरासी सेतिया विवाद से जुड़ा है। जिसे लेकर मंत्री तुलसी सिलावट का बड़ा बयान सामने आया है। चिंतामन मालवीय द्वारा रीना बोरासी सेतिया को भेजे गए मानहानि के नोटिस पर मंत्री तुलसी सिलवाट ने कहा यह कांग्रेस का आपसी मामला है मुझसे क्यों पूछ रहे हो? उन्होंने रीना बोरसी के आरोपों को लेकर बोला सही होगा तभी आरोप लगाए गए हैं। पत्रकार वार्ता के दौरान दिया गया यह जवाब भले ही उनके कन्फ्यूजन या किसी पूर्वाग्रह से जुड़ा हुआ हो लेकिन अब तो कमान से तीर निकल चुका है इसलिए वह जहां-जहां पहुंचेगा असर छोड़ेगा।
