प्रारंभिक जांच में पुलिस की भारी लापरवाही आई सामने, व्यवस्था बनाकर जिम्मेदारी को भूल गए थे अधिकारी - khabarupdateindia

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Sunday, 18 October 2026

प्रारंभिक जांच में पुलिस की भारी लापरवाही आई सामने, व्यवस्था बनाकर जिम्मेदारी को भूल गए थे अधिकारी


रफीक खान
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में शीतला माता मंदिर तक तमाम तरह के बैरिकेड तोड़ते हुए ट्रक घुसने की घटना और 14 लोगों की मौत के बाद समूचा चंबल क्षेत्र गहरे आक्रोश में है। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने भी इस घटना को काफी गंभीरता से लेते हुए जहां झांसी रोड के सीएसपी को हटा दिया है। वहीं चार पुलिस निरीक्षकों सहित आठ को सस्पेंड कर दिया गया है। मामले की विस्तृत जांच के निर्देश भी दिए गए हैं। इलाज में किसी तरह की कोताही न हो इस बात की हिदायत भी कलेक्टर को दे दी गई है। आर्थिक मदद का भी ऐलान किया गया है। कलेक्टर रुचिका चौहान ने मजिस्ट्रीयल जांच के आदेश भी दे दिए हैं। यह जिम्मेदारी एडिशनल कलेक्टर सी बी प्रसाद को सौंपी है। Initial investigations have revealed gross negligence by the police; officials had established a system but then failed to follow through on their responsibilities..

उल्लेखनीय है कि ग्वालियर के शीतला माता मंदिर में अष्टमी और नवमी की मध्य रात्रि में श्रद्धालुओं का भारी हुजूम एकत्र था। इसी दौरान ढलान से एक ट्रक लुढ़कता हुआ चला आया और उसने कोहराम मचा दिया। घटना में 50 की लगभग लोग चोटिल हुए, जिसमें 15 की मौत हो चुकी है। इस मामले में कलेक्टर और एसपी ने अलग-अलग जांच के निर्देश दिए हैं। वहीं मुख्यमंत्री मोहन यादव ने हस्तक्षेप करते हुए कहा है कि यह भीषण सड़क हादसा अत्यंत पीड़ा दायक है। आरंभिक जानकारी में पुलिस की गंभीर लापरवाही सामने आई है। इसके मद्देनजर सीएसपी झांसी रोड रवि भदौरिया को हटाने के निर्देश दिए गए हैं। झांसी रोड थाना प्रभारी शक्ति सिंह यादव, आंतरी थाना प्रभारी गीतेश शर्मा, झांसी रोड के ट्रैफिक थाना प्रभारी अभिषेक सिंह रघुवंशी, निरीक्षक यातायात राघवेंद्र जादौन, प्रधान आरक्षक सुशील द्विवेदी, आरक्षक किशन खन्ना, आरक्षक अनिल जैतपुरिया, तथा आरक्षक पवन सेंगर को सस्पेंड करने के आदेश दिए गए हैं। मामले की विस्तृत जांच की जा रही है। जो भी दोषी पाया जाएगा उसे बक्शा नहीं जाएगा।