रफीक खान
तमिलनाडु के थेनी जिले की थेक्कमपट्टी सेंट्रल जेल से सोमवार तथा मंगलवार की दरमियानी रात में 17 कैदी भाग निकले। बड़े ही सुनियोजित ढंग से इन कैदियों ने जेल ब्रेक की घटना को अंजाम दिया। एक साथी कैदी के मिर्गी के अटैक का नाटक करते हुए बैरक का दरवाजा खुलवाया और उसके बाद जेल कर्मियों पर हमला बोल दिया। जेल कर्मियों को घायल कर सभी भाग निकले। दो जेल कर्मियों की हालत गंभीर बताई जा रही है। उधर पहले 4 फरार कैदियों को पुलिस द्वारा गिरफ्तार करने की खबर आ रही थी लेकिन आंकड़ा संभवत: आठ पर पहुंच गया है। जिसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है। A prisoner feigned an epileptic seizure, then launched an attack and escaped; two prison staff members sustained serious injuries.
जानकारी के मुताबिक कहा जाता है कि सोमवार तथा मंगलवार की रात कैदियों ने शोर करके मौके पर ड्यूटीरत कर्मचारियों को यह बताया कि एक साथी को मिर्गी का अटैक आ गया है। फौरन उसे अस्पताल पहुंचाया जाए। जेल कर्मचारियों ने संवेदना दिखाते हुए बैरक का दरवाजा खोल दिया। जैसे ही दरवाजा खुला जेल कर्मचारी तांगापंडी के सिर में गंभीर चोट पहुंचाकर उसे गिरा दिया। दूसरा कर्मचारी आगे बढ़ा तो उसे भी घायल कर दिया। इस तरह कुल चार कर्मचारियों के घायल होने की खबर मीडिया रिपोर्ट्स के माध्यम से मिली है। इन सभी को तत्काल सरकारी अस्पताल में भर्ती कर दिया गया है। जेल से भाग निकले 17 कैदियों में से चार को मदुरई, डिंडीगुल और पड़ोसी राज्य केरल के इडुक्की से गिरफ्तार करने की खबर है. पुलिस ने 16 चेक पोस्ट बनाकर जबरदस्त तरीके से कैदियों को दबोचने का जाल बिछाया हुआ है। वही इस घटना पर सियासत भी शुरू हो गई है और इसे राज्य सरकार का बड़ा फैलियर बताया जा रहा है।
.jpg)