रफीक खान
मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले के बड़नगर में मोहर्रम जुलूस के दौरान भारी भीड़ वाले इलाके में टाटा मैजिक वेन को क्रेन से 40 फीट ऊंची उठाकर बमों से उड़ाने के मामले में जिला पुलिस, क्राइम ब्रांच, एटीएस, बीडीएस सहित अनेक सुरक्षा एजेंसियों ने अपनी जांच पूरी कर ली है। जांच में यह बात पूरी तरह साफ हो गई है कि स्टंट तो बहुत खतरनाक था, भीड़ वाले इलाके में किया जाना अति दुस्साहस था। इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जा सकता और ना ही प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। ऐसी स्थिति में आरोपियों को गिरफ्तार कर न सिर्फ उनका जुलूस निकाला गया बल्कि सबक सिखाने के लिए उन पर एनएसए की कार्रवाई पर भी विचार चल रहा है। हालांकि इस सब के बीच जांच में यह बात पूरी तरह साफ हो गई है कि मुसलमानों द्वारा गैर मुसलमानों को किसी भी तरह की चेतावनी का संदेश नहीं था, बल्कि यह दो अखाड़ों की प्रतिस्पर्धा थी। एक अखाड़ा लंबे समय से अपने प्रदर्शन में कमतर आंका जा रहा था और वह अपने वर्चस्व को बढ़ाने के लिए कानूनी हदों को पार कर गया। In addition to the district police, the Crime Branch, BDS, and ATS also conducted investigations; a procession was taken out, and preparations are now underway to invoke the NSA.
उल्लेखनीय है कि बड़नगर में मोहर्रम जुलूस के दौरान जोखिम और हैरतअंगेज अखाड़ा प्रदर्शनों को किए जाने की परंपरा है। इसके चलते कई तरह के करतब विभिन्न अखाड़ों की युवा दिखाते चले आए हैं। इस बार एक अजीब किस्म का मामला यह आया कि शेरे अदान अखाड़े वाले ने क्रेन के माध्यम से टाटा मैजिक वैन को 40 फिट ऊपर उठाकर उसमें बमों से धमाके कर दिए। आतिशबाजी वाले सुतली बम और रॉकेट का जखीरा भरकर फोड़ा गया। यह मामला सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ। इस तरह के खतरनाक स्टंट की मुस्लिम समाज सहित सभी देखने वालों ने तीखी निंदा और आलोचना की। पहले सामान्य तौर पर यह कयास भी लगाया गया और हिंदूवादी संगठनों ने आरोपित भी किया कि यह दूसरे समाज के लिए चेतावनी है लेकिन यह सब बकवास साबित हुआ। एडिशनल एसपी (ASP) करनदीप सिंह और स्थानीय जांच टीम ने मीडिया को दिए बयानों में इस बात की पुष्टि की है। पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया कि बड़नगर के स्थानीय अखाड़ों के बीच जुलूस के दौरान एक-दूसरे से बेहतर और ज्यादा प्रभाव छोड़ने का कॉम्पिटिशन (प्रतिस्पर्धा) चलता है। यह प्रतिस्पर्धा खास तौर पर शाह जलालपुर और शेर ए अदान अखाड़ा के बीच थी। " ले फिर आ गए" स्लोगन वाला पोस्टर भी सिर्फ दूसरे अखाड़े के लिए संदेश था।
इन्हें बनाया गया आरोपी
जाहिद खान (पिता: भूरा खां): यह वह युवक है जो हवा में लटकी हुई टाटा मैजिक वैन के ऊपर चढ़कर लाल झंडा लहरा रहा था। तपसील उर्फ तस्लीम (तालीम खान): यह भी जाहिद खान के साथ वैन की छत पर मौजूद था और झंडे लहराने व स्टंटबाजी करने में शामिल था।गोपाल राठौड़ (गोपाल माली): यह उस क्रेन का मालिक है, जिसकी मदद से वैन को भीड़ के ऊपर 40 फीट हवा में लटकाया गया था। पुलिस ने इन चारों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 125 (दूसरों की जान खतरे में डालना), 285, 286 और 287 (लापरवाही से विस्फोटक या मशीनरी का इस्तेमाल) के तहत केस दर्ज किया है।
