रफीक खान
मध्य प्रदेश के जबलपुर में सोमवार को जिला बार एसोसिएशन के मतदान के दौरान जमकर हंगामा हो गया। तरह-तरह के आरोपों और भ्रामक जानकारी के बीच वकीलों का विरोध खुलकर सामने आया। हालात यह बने कि निर्वाचन अधिकारी ने समूची मतदान प्रक्रिया को ही रद्द कर दिया। इसके बाद निर्वाचन अधिकारी ने खुद को दायित्व से मुक्त करने की भी घोषणा कर दी। शाम को पूरी घटना की जानकारी जिला बार के अनेक प्रतिनिधि मंडलों ने मध्य प्रदेश स्टेट बर काउंसिल के कार्यकारी अध्यक्ष तथा महाधिवक्ता को दी। अब चुनाव की आगे की कार्रवाई का निर्णय स्टेट बर काउंसिल द्वारा किया जाएगा। A delegation from the District Bar met the Advocate General and the Executive Chairman of the State Bar Council; a new date for voting will be announced soon.
जानकारी के मुताबिक कहा जाता है कि मतदान शुरू होते ही बैलेट पेपर में गड़बड़ी के आरोप लगने लगे, जिसके बाद अदालत परिसर में सैकड़ों अधिवक्ता एकत्र हो गए और जमकर नारेबाजी की। करीब 6 से 700 के लगभग वोट डालने के बाद बढ़ते विरोध और तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए निर्वाचन अधिकारी ने चुनाव प्रक्रिया को तत्काल निरस्त कर दिया। अब नई मतदान प्रक्रिया की घोषणा जल्द की जाएगी। दिन में समूचे चुनाव रद्द होने की भी जानकारी सामने आती रही। हालांकि अब तक जिला बार संगठन के किसी भी अधिकृत प्लेटफार्म से या स्टेट बर काउंसिल की तरफ से कोई सार्वजनिक बयान या जानकारी जारी नहीं की गई है। सूत्रों का कहना है कि सिर्फ मतदान निरस्त किया जाएगा और यही मतदान दोबारा निर्धारित की जाने वाली आगामी तिथि में संपन्न होगा।
